- बंदियों को निःशुल्क विधिक सहायता के प्रति किया गया जागरूक
कानपुर। सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण सुदेश कुमारी ने जिला कारागार का निरीक्षण किया। इस अवसर पर जेल अधीक्षक राजेश कुमार पाण्डेय, डिप्टी जेलर प्रदीप कुमार एवं जेलर मनीष कुमार भी उपस्थित रहे।
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने 18 वर्ष से अधिक आयु के बंदियों के बैरक, महिला बैरक तथा कारागार अस्पताल का गहन निरीक्षण किया। इस दौरान बंदियों को उपलब्ध कराई जा रही मूलभूत सुविधाओं, भोजन की गुणवत्ता एवं स्वास्थ्य सेवाओं के संबंध में जानकारी प्राप्त की गई तथा संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए गए।
सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा बंदियों को निःशुल्क विधिक सहायता के संबंध में जागरूक किया गया। उन्होंने बताया कि जिन बंदियों के पास अपने मुकदमे की पैरवी करने हेतु पर्याप्त आर्थिक संसाधन उपलब्ध नहीं हैं, उन्हें जिला विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा निःशुल्क अधिवक्ता उपलब्ध कराया जाता है।
इसके अतिरिक्त निरीक्षण के दौरान जेल लीगल एड क्लीनिक का भी अवलोकन किया गया। सचिव द्वारा पैरालीगल वॉलेंटियर्स (पीएलवी) से वार्ता कर यह जानकारी ली गई कि वे किस प्रकार बंदियों को विधिक सहायता उपलब्ध कराने में सहयोग कर रहे हैं। उन्होंने पीएलवी को निर्देशित किया कि वे बंदियों को उनके अधिकारों एवं उपलब्ध विधिक सहायता योजनाओं के प्रति निरंतर जागरूक करते रहें।
अंत में अधिकारियों ने कारागार प्रशासन को निर्देश दिए कि बंदियों की सुविधाओं एवं उनके अधिकारों के संरक्षण में किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए तथा सभी व्यवस्थाएं सुचारु रूप से संचालित की जाएं।
