कानपुर। ड्रग विभाग की टीम द्वारा मसवानपुर क्षेत्र में कादमगिरी मेडिकल एंड जनरल स्टोर व ओम मेडिकल स्टोर का निरीक्षण किया गया। जिसमें ओम मेडिकल स्टोर में कई कमियां पाए जाने पर मेडिकल संचालक को क्रय विक्रय करने पर रोक लगा दी।
वहीं कादमगिरी मेडिकल एण्ड जनरल स्टोर के निरीक्षण में पाया गया कि मेडिकल स्टोर बगैर लाइसेंस के चलाया जा रहा है। जिसका संचालन उन्नाव के अर्जुन सिंह व दीपक सिंह द्वारा किया जा रहा था। जांच में पाया गया कि बगैर लाइसेंस मेडिकल स्टोर में मौके पर 300 बायल 10 ml की मात्रा में Pheniramine Maleate Injection व Syringe एवं 42 लिफाफों में Pheniramine Maleate Injection 10 ml, Syringe 5 ml, 2 Needle और एक संदिग्ध बिना लेवल के पारदर्शी पदार्थ कांच की एम्पुल में मौके पर मौजूद पाया गया। जो कि संभवतः Buperonorphine injection है।

पाए गए दोनों उक्त इंजेक्शन नशे के रूप में दुरुपयोग किए जाते हैं। Phentermine Maleate injection 10 ml वह संदिग्ध पारदर्शी तरल पदार्थ का नमूना जांच एवं विश्लेषण हेतु संग्रहित किया गया है। Rs. 10443.80 हजार की औषधियों को औषधि एवं सौंदर्य प्रसाधन अधिनियम 1940 की धारा 18 के अंतर्गत सीज कर दिया गया है। नशे के इंजेक्शन व संदिग्ध पारदर्शी तरल पदार्थ के अलावा और खाद्य पदार्थ एवं आयुर्वेदिक औषधियां बहुत ही कम मौजूद पाई गई।

जिससे पता चलता है कि उक्त मेडिकल स्टोर से संदिग्ध नशीली औषधियां/नशीले इंजेक्शन बेचे जा रहे हैं। जांच एवं नमूने की रिपोर्ट आने पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। यह कार्यवाही ड्रग इंस्पेक्टर रेखा सचान व ड्रग इंस्पेक्टर ओमपाल सिंह द्वारा की गई। रेखा सचान ने बताया कि कानपुर जिला अधिकारी को शिकायती पत्र मिला था जिसके अंतर्गत मेडिकल स्टोर में जांच की कार्यवाही की गई।
