- 15 दिन का दिया अल्टीमेटम, जनता अब चुप नहीं बैठेगी
कानपुर। दर्शन पुरवा स्थित सेंटर पार्क (पूर्व जिमखाना ग्राउंड) की शोचनीय स्थिति और प्रशासनिक उपेक्षा के खिलाफ स्थानीय नागरिकों का गुस्सा फूट पड़ा। पार्क की बदहाली से नाराज सैकड़ों क्षेत्रवासियों, बच्चों, बुजुर्गों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने पार्क परिसर में ही शांतिपूर्ण धरना प्रदर्शन किया।
“पार्क बना सीवर और टूटी दीवारों का अड्डा”
धरने का नेतृत्व कर रहे वकील योगेन्द्र अग्निहोत्री (पूर्व प्रत्याशी, 212 गोविंद नगर) ने प्रशासन और जनप्रतिनिधियों पर जमकर हमला बोला। उन्होंने कहा, “हमारा पार्क आज सीवर के पानी और टूटी दीवारों का अड्डा बन चुका है। बच्चे नहीं खेल पा रहे, बुजुर्ग नहीं टहल पा रहे। बार-बार शिकायत के बाद भी जनप्रतिनिधि और प्रशासन चुप हैं। जनता अब चुप नहीं बैठेगी।”
“संघर्ष शांतिपूर्ण, मांगें जायज”
आंदोलन में शामिल दर्शन पुरवा सेंटर पार्क बचाओ समिति के अध्यक्ष धर्मेंद्र सिंह चौहान ने स्पष्ट किया कि यह संघर्ष पूरी तरह शांतिपूर्ण है और मांगें बेहद जायज हैं। उनका कहना था कि पार्क को दोबारा उस काबिल बनाया जाए जहां बच्चे खेल सकें और लोग सुकून से टहल सकें।
प्रमुख मांगें
पार्क की दीवारों और परिसर की तुरंत मरम्मत कराई जाए।
सीवर व्यवस्था दुरुस्त कर जलजमाव की समस्या हमेशा के लिए खत्म की जाए।
बच्चों के खेलने और बुजुर्गों के टहलने के लिए जरूरी इंतजाम किए जाएं।
संबंधित विभाग समयसीमा तय कर कार्ययोजना सार्वजनिक करे।
प्रदर्शनकारियों ने प्रशासन को 15 दिन का समय देते हुए चेतावनी दी है कि यदि इस अवधि में ठोस कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन और तेज किया जाएगा। कार्यक्रम में अवनीश सलूजा, रवि मिश्रा, अजय त्रिपाठी, नीरज त्रिपाठी, राजकुमार मिश्रा, प्रकाश जायसवाल, राम प्रकाश शर्मा, वरुण जायसवाल, दिनेश सिंह, रोहित बाजपेई, राजेश सविता, बब्बे भाई, राम प्रकाश गुप्ता, संजय श्रीवास्तव, आशु खान सहित सैकड़ों क्षेत्रवासी मौजूद रहे।
