उत्तर प्रदेश अपराधियों की मुसीबत का प्रदेश बन चुका है. इसके लिए हम आपको यूपी के कुशीनगर की एक खबर के बारे में बताते हैं जिससे यूपी के बाकी अपराधियों में भी सीएम योगी का FEAR दिख रहा है. यहां हर जगह फिलहाल ‘ऑपरेशन व्हील चेयर’की चर्चा है. बदमाश हो या माफिया सबको संदेश एकदम साफ है कि उत्तर प्रदेश में सिर उठाओगे, तो सीधे पैरों पर नहीं चल पाओगे. योगी की पुलिस गुंड़े मवालियों को ‘व्हील चेयर’ पर घुमा घुमाकर माफी मंगवाएगी. यानी फुल ऑन तमाशा तो होगा ही, इज्जत भी चली जाएगी.
यूपी की कुछ तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल हो रही हैं मानो वो तस्वीरें गुंडे बदमाश हों या कोई भी ऐसा शख्स जिसके मन में गुंडई यानी गुंडागर्दी का ख्याल भी आता हो तो उसके लिए जनहित में जारी की गई है. उन तस्वीरों को देखकर मामला एकदम साफ हो जाएगा- ‘यहां अपराध करोगे तो चलने फिरने के काबिल नहीं रह जाओगे. फिर व्हील चेयर पर दौड़ाए जाओगे’. क्योंकि योगी यूपी में अपराध रोकने के लिए सबसे बड़ी सौगंध उठा चुके हैं.
‘बहू बेटियां समाज होंगी सुरक्षित और और अपराधी होंगे बेदम’
योगी ने यूपी को माफिया मुक्त करने की कसम खाई है. मैसेज क्लियर है – ‘बड़े से बड़ा दुर्दांत अपराधी हो या दो टके का चिरकुट गुंडा सबको सजा मिलेगी’. फंडा ये है कि जब लोकल लेवल पर ही गुंडई नहीं होगी तो अपराध की दुनिया में उसके ऊपर की क्लास में दाखिले अपने आप बंद हो जाएंगे. जनता को सुरक्षित माहौल देने के लिए यूपी की पुलिस अब फुल स्पीड में ऑपरेशन व्हील चेयर चला रही है.
योगी का FEAR, ऑपरेशन व्हील चेयर
व्हील चेयर पर कुछ गुंडे बैठे हैं. जो चारों ओर लोगों से माफी मांग रहे हैं. मानों पुलिसवाले उनसे माफी वाली फैशन परेड की प्रैक्टिस करवा रहे हों. माफीनामें की ऐसी रट जिन्होंने इससे पहले न देखी सुनी हो उनके लिए बता दें कि ये खबर यूपी की है. जिसमें व्हीलचेयर पर बैठे अपराधी असली हैं. उनके पैर का प्लास्टर भी असली है, वहीं उनकी माफियों का मंत्रजाप भी असली है. इन बदमाशों को नहीं मालूम था कि योगी जो कहते हैं वो तो करते ही हैं. और जो नहीं कहते हैं वो भी डेफिनेटली करते हैं. इन दोनों ने भी योगी की चेतावनी में हल्के में लिया था फिर क्या हुआ – अब भुगत रहे हैं और तहे दिल से हाथ जोड़कर माफी मांग रहे हैं.
पहले ऑपरेशन लंगड़ा और अब ऑपरेशन व्हीलचेयर
कुशीनगर के तमकुहीराज थाना क्षेत्र में मनाही के बावजूद दो लोग पशु तस्करी का नेटवर्क चला रहे थे. ये लोगों को धमकाने का भी काम करते थे. लाख सयाना बनते थे लेकिन जिस दिन कानून के हत्थे चढ़े उस दिन भागने की कोशिश में दोनों के पैरों की मुलाकात योगी की पुलिस की गोली से हो गई. पहले भाग रहे थे अब चलने के लायक भी नहीं हैं. योगी की सिंघम पुलिस के आगे माफी मांगनी पड़ी अलग से. कुशीनगर पुलिस की इस मुहिम को ऑपरेशन व्हीलचेयर नाम दिया है.आपको बताते चलें कि इससे पहले उत्तर प्रदेश में ऑपरेशन लंगड़ा ने भी अपराधियों के दिल में खौफ भर दिया था. साफ है कि योगी राज में अपराध करोगे तो पुलिस एकदम कारगर इलाज करेगी.
