‘कांग्रेस का सनातन विरोधी चरित्र हुआ उजागर’, मालेगांव विस्फोट केस के फैसले पर बोले मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथi

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 2008 के मालेगांव बम विस्फोट मामले में सात आरोपियों को बरी किए जाने को लेकर गुरुवार को कांग्रेस की आलोचना की और कहा कि यह फैसला पार्टी के भारत विरोधी, न्याय विरोधी और सनातन विरोधी चरित्र को उजागर करता है। योगी ने एक्स पर लिखा कि मालेगांव विस्फोट प्रकरण में सभी आरोपियों का निर्दोष सिद्ध होना ‘सत्यमेव जयते’ की सजीव उद्घोषणा है।

योगी आदित्यनाथ ने आगे लिखा कि यह निर्णय कांग्रेस के भारत विरोधी, न्याय विरोधी और सनातन विरोधी चरित्र को पुनः उजागर करता है, जिसने ‘भगवा आतंकवाद’ जैसा मिथ्या शब्द गढ़कर करोड़ों सनातन आस्थावानों, साधु-संतों और राष्ट्रसेवकों की छवि को कलंकित करने का अपराध किया है। कांग्रेस को अपने अक्षम्य कुकृत्य को सार्वजनिक रूप से स्वीकार करते हुए देश से माफी मांगनी चाहिए। असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने कहा कि केंद्रीय गृह मंत्री ने कल सदन में भी कहा कि दर्शनशास्त्र के अनुसार हिंदू आतंकवादी नहीं हो सकते क्योंकि हमारी संस्कृति और हमारी सभ्यता कभी भी आतंकवाद को बढ़ावा नहीं देती। लेकिन कांग्रेस के शासन में एक विशेष समुदाय को खुश करने के लिए एक शब्द गढ़ा गया- ‘हिंदू आतंकवाद’।

भाजपा नेता ने कहा कि हिंदू और आतंक दो विपरीत अवधारणाएँ हैं। हिंदू कभी आतंक में विश्वास नहीं करते और हिंदू कभी आतंकवादी नहीं हो सकते। मेरे लिए – यह अत्यंत संतोष की बात है कि केंद्रीय गृह मंत्री ने संसद में जो कुछ भी कहा, आज मुंबई की एक अदालत ने भी हिंदू आतंक की अवधारणा को ध्वस्त कर दिया और जो भी ‘हिंदू आतंक’ के नाम पर आरोपी थे, सभी आरोपियों को बरी कर दिया गया। भाजपा नेता रविशंकर प्रसाद ने कहा कि कांग्रेस वोट बैंक के लिए किसी भी हद तक जा सकती है। कांग्रेस ने भगवा आतंक की साजिश रची और उसे फैलाना शुरू कर दिया… अदालत ने पाया कि मोटरसाइकिल का कोई सबूत या चेसिस नंबर नहीं था। गवाहों ने भी कहा कि उन्हें प्रताड़ित किया गया और बयान देने के लिए मजबूर किया गया।

अपना हमला जारी रखते हुए उन्होंने कहा कि चिदंबरम केवल पाकिस्तान को प्रमाण पत्र नहीं देते। उन्होंने गृह मंत्री रहते हुए भगवा आतंक का मुद्दा उठाया और एक नैरेटिव बनाने की साजिश रची… राहुल गांधी सच्चाई से क्यों भाग रहे हैं? सोनिया गांधी और राहुल गांधी को देश से माफी मांगनी चाहिए। क्या अभियोजन पक्ष माफी मांगेगा? साध्वी प्रज्ञा को जिस तरह से प्रताड़ित किया गया, मैं खुलकर नहीं कह सकता। जिन लोगों पर झूठा आरोप लगाया गया उन्हें मुआवजा दिया जाना चाहिए। उन अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए जिन्होंने उन पर झूठा आरोप लगाया।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Breaking News
आयुष्मान योजना में कोताही बरतने वाले अस्पतालों पर योगी सरकार का सख्त एक्शन, 61 सस्पेंड और 140 हॉस्पिटलों पर ₹8.53 करोड़ की पेनाल्टी | नेपाली नागरिक से शादी, मथुरा में मकान और फर्जी आधार-पैन कार्ड...भारत-नेपाल बॉर्डर पर घुसपैठ करते पकड़ी गई थाईलैंड की महिला, जांच में जुटी पुलिस | ऋषभ पंत ने टेस्ट में रचा इतिहास, सचिन-धोनी-विराट को पीछे छोड़ किया ये कारनामा, बने पहले भारतीय बल्लेबाज.... बिहार में बड़ा IPS फेरबदल: Siwan AK-47 विवाद पर SP हटाए गए, Bhojpur SP भी नपे | Maulana Razvi की मुसलमानों से अपील: PM Modi, CM Yogi को बुरा-भला न कहें, BJP को हराना हमारा काम नहीं.... महाराष्ट्र में Freedom of Religion Act लागू, अब जबरन Conversion पर होगी 7 साल की जेल
Advertisement ×