कानपुर शहर सहित आसपास जिलों में धड़ल्ले से हो रहा कोडीन युक्त कफ सिरप व नशीली दवाओं का व्यापार

  • सहायक आयुक्त (औषधि) और औषधि निरीक्षक पर गिरी गाज
  • सहायक आयुक्त (औषधि) व औषधि निरीक्षक को मुख्यालय से किया गया संबद्ध
कानपुर। नशीली दवाओं सहित कोडीन युक्त कफ सिरप का कारोबार कानपुर शहर में अच्छी तरह से फल फूल रहा है। कानपुर शहर से नशीली दवाएं आसपास के जिलों में सप्लाई की जा रही है। जिले के औषधि विभाग के अधिकारी आंखों में पट्टी बांधे हुए हैं। वहीं दूसरे जिले के अधिकारी शहर में छापेमारी कर बड़ी मात्रा में नशीली दवाओं सहित कोडीन युक्त कफ सिरप को बड़ी मात्रा में पकड़ा है। साथ ही कुछ फर्मो पर कार्यवाही भी की गई। लेकिन विभाग की सुस्ती चाल कम नहीं हुई।
जिसके कारण औषधि आयुक्त रोशन जैकब ने कानपुर ड्रग विभाग की टीम पर भरोसा ना कर दूसरे अन्य जिलों से पांच ड्रग इंस्पेक्टर को बुलाया और कानपुर शहर आकर छापेमारी करवाई । आयुक्त ने अग्रवाल ब्रदर्स के यहां छापा मार भारी मात्रा में नशीली दवायें पकड़ी। कुछ मेडिकल स्टोर की जांच के बाद रिपोर्ट दर्ज न होने पर औषधि विभाग के अफसरों को फटकार भी लगाई। रोशन जैकब ने टीम दे साथ बिरहाना रोड स्थित अग्रवाल ब्रदर्स, कोपरगंज स्थित मेडिसना हेल्थ केयर, बिरहाना रोड स्थित वेदांस फार्मास्यूटिकल्स, कोपरगंज स्थित मोसाइको एजेंसीज के यहां छापेमारी की। वही ए एस हेल्थ केयर, बालाजी मेडिकल्स, मां दुर्गा मेडिकोज, व आर एस हेल्थ केयर पर हुई कार्रवाई की समीक्षा की।
आयुक्त रोशन जैकब ने चारों फर्मों पर दर्ज एफआईआर में एनडीपीएस की धारा को जोड़ने का निर्देश दिया। वही अग्रवाल ब्रदर्स में दावाओं के भंडारण व रखरखाव में अनियमितता मिली। कई अन्य ब्रांडों के कोडीन युक्त कफ सिरप व अन्य नारकोटिक्स श्रेणी की दवाएं पाई गई। फर्म से कंप्यूटर जानबूझकर हटाया गया था। मेडिसना हेल्थ केयर और वेदांस फार्मास्यूटिकल्स अग्रवाल ब्रदर्स से संबंधित है। वही मोसाइको एजेंसीज में कोडीन युक्त कफ सिरप खरीदे जाने की सूचना पर जांच की गई तो अनियमितता पाई गई जिस पर एफआईआर दर्ज कराने का निर्देश दिया गया है।
वहीं शहर में नशीली दावाओं के कारोबार पर अंकुश ना लगा पाना व काम के प्रति लापरवाही बरतना कानपुर मंडल में तैनात सहायक आयुक्त (औषधि) दिनेश कुमार तिवारी और कानपुर नगर में तैनात औषधि निरीक्षक रेखा सचान को भारी पड़ गया। औषधि सुरक्षा प्रशासन आयुक्त रोशन जैकब ने दोनों ही अधिकारियों को शहर से हटाकर मुख्यालय से संबद्ध कर दिया है। साथ ही वर्तमान कानपुर शहर में चल रही सभी कार्रवाई को पूरा करते हुए 17 नवंबर 2025 को आख्या रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं।
नशीली दवाओं के कारोबार के खिलाफ कार्रवाई का सिलसिला अगले दिन भी जारी रहा। सहायक आयुक्त औषधि के निर्देश पर टीम ने तीन फर्मो में छापेमारी की। जिसमे बिरहाना रोड स्थित प्रेमा मेडिकल एजेंसीज, एन ए फार्मा और जूही स्थित मासिको एजेंसी शामिल है। सहायक आयुक्त ने बताया कि इन तीनों फर्मो से भारी मात्रा में नशीली दावाओं सहित कोडीन युक्त कफ सिरप का भंडार पाया गया है। साथ ही फर्म के संचालक नशीली दवाओं के खरीदने बेचने की उचित जानकारी नहीं दे सके।

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