- डेंगू-मलेरिया प्रभावित क्षेत्रों में निरोधात्मक कार्रवाई, 550 घरों का सर्वेक्षण कर लोगों को किया जागरूक
कानपुर। नगर में विशेष संचारी रोग नियंत्रण अभियान, दस्तक अभियान एवं वेक्टर जनित रोगों की रोकथाम के लिए विभिन्न गतिविधियां संचालित की जा रही हैं। इसी क्रम में 21 अक्टूबर 2026 को मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. हरिदत्त नेमी, अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. कैलाश चन्द्रा, उप मुख्य चिकित्सा अधिकारी (वीबीडी) डॉ. राजेश्वर सिंह, जिला मलेरिया अधिकारी अरुण कुमार सिंह, मलेरिया निरीक्षक अमित धीमान एवं आनन्द कुमार, एसएलटी गणेश चन्द्र शंखवार, रीजनल कोऑर्डिनेटर पाथ डॉ. शिवकांत तथा जनपदीय टीम ने त्रिवेणी नगर, फेथफुलगंज एवं कैंट क्षेत्र का भ्रमण कर संचारी रोग नियंत्रण अभियान और डेंगू के मामलों में की जा रही केस बेस्ड गतिविधियों का भौतिक सत्यापन किया।
भ्रमण के दौरान विभिन्न सहयोगी विभागों की टीमें संचारी रोग नियंत्रण अभियान के तहत निर्धारित गतिविधियों का क्रियान्वयन करती मिलीं। स्वास्थ्य विभाग की टीम डेंगू से प्रभावित क्षेत्रों में बुखार सर्वेक्षण, मच्छरों के प्रजनन स्थलों को नष्ट करने तथा अन्य आवश्यक निरोधात्मक गतिविधियों में जुटी मिली। टीमों को अभियान की गतिविधियां और अधिक प्रभावी ढंग से संचालित करने के निर्देश दिए गए।
क्षेत्र में निवासरत बीन समुदाय के लोगों को भी संचारी रोगों से बचाव, मच्छरों से सुरक्षा तथा घरों के आसपास जलभराव समाप्त करने के प्रति जागरूक किया गया। लोगों को बताया गया कि मच्छरों के प्रजनन स्थलों को समाप्त करना डेंगू, मलेरिया सहित अन्य वेक्टर जनित रोगों की रोकथाम के लिए आवश्यक है।
जनपद के त्रिवेणी नगर में डेंगू तथा किदवई नगर में मलेरिया के मामलों को लेकर आवश्यक निरोधात्मक कार्रवाई पूरी कराई गई। इसके साथ ही शूटरगंज मलिन बस्ती, ब्लॉक-4 गोविंद नगर, एसबीआई कॉलोनी रतनलाल नगर, किदवई नगर, केडीए कॉलोनी, विराट नगर, स्वर्ण जयंती विहार, शुजातगंज, आदर्श विहार, नवाबगंज भरोटी, तकिया पार्क सीसामऊ, लोमड़ी का हाता कौशलपुरी और गंगापुर गांव सहित विभिन्न क्षेत्रों में एंटोमोलॉजिकल सर्वेक्षण, सोर्स रिडक्शन, लार्वानाशक छिड़काव एवं जनजागरूकता गतिविधियां संचालित की गईं।
इन क्षेत्रों में सर्वेक्षण के दौरान कुल 550 घरों का निरीक्षण किया गया, जिनमें 9 घरों में लार्वा पाया गया। इसके अतिरिक्त 5,149 पात्रों का सर्वेक्षण किया गया तथा 24 घरों में लार्वा नष्ट कराने की कार्रवाई की गई। अभियान के दौरान लोगों को मच्छरों के प्रजनन स्थलों को समाप्त करने और संचारी रोगों से बचाव के प्रति जागरूक किया गया।
लोगों से अपील की गई कि घरों और आसपास के क्षेत्रों में पानी एकत्र न होने दें तथा कूलर, गमले, टायर, पुराने बर्तन और अन्य जलभराव वाले पात्रों की नियमित सफाई करें। मच्छरों से बचाव के लिए मच्छरदानी एवं मच्छररोधी क्रीम का प्रयोग करें तथा शरीर को यथासंभव पूरे कपड़ों से ढककर रखें। जलभराव वाले स्थानों पर स्वयं जला हुआ मोबिल ऑयल या केरोसिन डालने के बजाय संबंधित विभाग को सूचना दें, ताकि सुरक्षित तरीके से आवश्यक कार्रवाई की जा सके।
संचारी रोगों से संबंधित सूचना देने अथवा जानकारी प्राप्त करने के लिए उर्सुला हॉर्समैन मेमोरियल (यूएचएम) चिकित्सालय, परेड स्थित नियंत्रण कक्ष के हेल्पलाइन नंबर 0512-2333810 एवं 9335301096 पर संपर्क किया जा सकता है। इसके अतिरिक्त नगर निगम स्थित नियंत्रण कक्ष के हेल्पलाइन नंबर 0512-2526004 एवं 0512-2526005 पर भी सूचना दी जा सकती है। प्राप्त सूचनाओं के आधार पर संबंधित क्षेत्रों में टीमों द्वारा आवश्यक कार्रवाई की जाती है।
