पीरियड्स न आने या देरी से आने की समस्या को एमेनोरिया कहा जाता है। यह समस्या कई कारणों से हो सकती है, जिनमें से कुछ कारण हम आपको बताने जा रहे हैं।
तनाव: सबसे पहले तनाव के कारण पीरियड्स साइकिल प्रभावित हो सकता है। तनाव से हमारे शरीर में एड्रेनलिन जैसे हार्मोन तेजी से बढ़ जाते हैं, जिससे पीरियड्स साइकल प्रभावित हो सकता है।
ज्यादा एक्सरसाइज करना: जरूरत से ज्यादा शारीरिक व्यायाम के कारण भी पीरियड्स प्रभावित हो सकते हैं। ज्यादा शारीरिक व्यायाम से शरीर में हार्मोनल असंतुलन हो सकता है, जिससे पीरियड्स साइकिल प्रभावित हो सकता है।
मेनोपॉज: मेनोपॉज एक प्राकृतिक प्रक्रिया है जिसमें महिलाओं के पीरियड्स बंद हो जाते हैं। यह आमतौर पर 45 से 55 साल की उम्र के बीच होता है।
गर्भ निरोधक: कुछ गर्भनिरोधक गोलियां, इंजेक्शन, इम्प्लांट्स और गर्भाशय में लगाए जाने वाले उपकरण भी पीरियड्स को प्रभावित कर सकते हैं।
किसी तरह की दवाइयां लेना: डायबिटीज, हार्मोनल डिसऑर्डर और कुछ दवाइयां भी पीरियड्स को प्रभावित कर सकती हैं।
पीरियड्स न आने या देरी से आने की समस्या कई कारणों से हो सकती है। यदि आपको भी यह समस्या है, तो आपको डॉक्टर से परामर्श लेना चाहिए। डॉक्टर आपको समस्या का कारण पता लगाने में मदद कर सकते हैं और उचित उपचार की सलाह दे सकते हैं।
इस आर्टिकल में बताई विधियां, तरीके और दावे अलग-अलग जानकारियों पर आधारित हैं। BPS NEWS आर्टिकल में दी गई जानकारी के सही होने का दावा नहीं करता है। किसी भी उपचार और सुझाव को अप्लाई करने से पहले डॉक्टर या एक्सपर्ट की सलाह जरूर लें।
