- भीड़ ने घेरकर पीटा; गाड़ी में तोड़फोड़
कानपुर। विधायक लिखी स्कॉर्पियो, पीछे नंबर प्लेट गायब और शीशों पर काली फिल्म! जूही कलां के डब्लू ब्लॉक में रविवार रात ऐसा घटनाक्रम सामने आया, जिसने इलाके में हड़कंप मचा दिया। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, खाली हुई बस्ती के पास खड़ी काली स्कॉर्पियो से चीख-पुकार सुनाई दे रही थी। लोग मौके पर पहुंचे तो चालक ने गाड़ी तेजी से पीछे भगाने की कोशिश की। इसी दौरान स्कॉर्पियो ने ई-ऑटो को टक्कर मार दी और उसे करीब 300 मीटर तक घसीटते ले गई। इसके बाद लोगों का गुस्सा फूट पड़ा। भीड़ ने गाड़ी सवारों को बाहर निकालकर पीटा और स्कॉर्पियो में जमकर तोड़फोड़ कर दी।
चीख-पुकार सुनकर पहुंचे लोग, फिर मच गया बवाल
मामला हनुमंत विहार थाना क्षेत्र के जूही कलां स्थित डब्लू ब्लॉक का है। रविवार रात खाली हुई बस्ती के पास खड़ी काली स्कॉर्पियो से चीख-पुकार सुनाई देने पर स्थानीय लोग मौके पर पहुंचे। प्रत्यक्षदर्शियों राजवीर, शेखर, राम सजीवन, बहादुर और ई-ऑटो मालकिन सुमन के मुताबिक, लोगों के पहुंचने पर चालक ने गाड़ी तेजी से पीछे भगाने की कोशिश की।
आरोप है कि इसी दौरान स्कॉर्पियो ने सुमन के ई-ऑटो को टक्कर मारी और उसे करीब 300 मीटर तक घसीटते हुए ले गई। इस घटनाक्रम के बाद मौके पर मौजूद लोगों का गुस्सा भड़क उठा। भीड़ ने स्कॉर्पियो सवारों को घेर लिया और उन्हें बाहर निकालकर पीटना शुरू कर दिया। गुस्साए लोगों ने गाड़ी को भी क्षतिग्रस्त कर दिया।
स्कॉर्पियो में हिस्ट्रीशीटर अजय ठाकुर समेत तीन लोग सवार
हनुमंत विहार के एसओ राजीव सिंह के मुताबिक, स्कॉर्पियो में बर्रा का हिस्ट्रीशीटर अजय ठाकुर, उसका साथी आयुष और एक अन्य युवक सवार था। मारपीट में तीनों घायल हो गए, जिन्हें उपचार के लिए हैलट अस्पताल में भर्ती कराया गया।
पुलिस का कहना है कि तहरीर के आधार पर कार्रवाई की जाएगी। अब मामले में शिकायत, प्रत्यक्षदर्शियों के बयान और अन्य साक्ष्यों के आधार पर घटनाक्रम की जांच की जाएगी।
आगे-पीछे ‘विधायक’ लिखा, पीछे नंबर प्लेट गायब; शीशों पर काली फिल्म
इस घटना में स्कॉर्पियो की बनावट और उस पर लिखे शब्दों ने भी सवाल खड़े कर दिए हैं। पुलिस के मुताबिक, गाड़ी के आगे और पीछे ‘विधायक’ लिखा हुआ था। पीछे की नंबर प्लेट नहीं थी और शीशों पर काली फिल्म चढ़ी हुई थी।
ऐसे में सवाल उठना लाजिमी है कि गाड़ी पर ‘विधायक’ क्यों लिखा था, पीछे की नंबर प्लेट क्यों गायब थी और शीशों पर काली फिल्म लगाने के पीछे क्या वजह थी? इन सभी बिंदुओं की जांच जरूरी है। हालांकि, इन तथ्यों के आधार पर अपने आप किसी गैरकानूनी गतिविधि या प्रभाव के दुरुपयोग का निष्कर्ष नहीं निकाला जा सकता।
इलाके में दबदबे की चर्चा, जांच में सामने आएगी हकीकत
स्थानीय लोगों के मुताबिक, कथित तौर पर इसी स्कॉर्पियो के जरिए अजय ठाकुर इलाके में अपनी हनक बढ़ाता था। हालांकि, यह स्थानीय लोगों का दावा है और इसकी स्वतंत्र पुष्टि होना बाकी है। रविवार रात की घटना ने कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। ई-ऑटो को टक्कर मारने और उसे करीब 300 मीटर तक घसीटने के आरोप की सच्चाई क्या है? गाड़ी में सवार लोगों के बीच क्या हो रहा था? चालक ने गाड़ी पीछे क्यों भगाई? और स्कॉर्पियो पर विधायक लिखने, पीछे नंबर प्लेट न होने तथा शीशों पर काली फिल्म चढ़ी होने के मामले में क्या कार्रवाई होगी?
इन सवालों के जवाब पुलिस जांच के बाद ही सामने आएंगे
अब पुलिस के सामने कार्रवाई की चुनौती एक ओर ई-ऑटो को टक्कर मारकर घसीटने का गंभीर आरोप है, तो दूसरी ओर मारपीट और स्कॉर्पियो में तोड़फोड़ की घटना है। पुलिस के सामने जरूरी है कि दोनों पक्षों की भूमिका, वाहन से जुड़े तथ्यों और घटनाक्रम की निष्पक्ष जांच की जाए। तहरीर के आधार पर कार्रवाई का आश्वासन दिया गया है।
अब देखना यह है कि जांच में आरोपों की कितनी पुष्टि होती है और स्कॉर्पियो से जुड़े सवालों पर पुलिस क्या कदम उठाती है। फिलहाल, जूही कलां के डब्लू ब्लॉक की यह घटना इलाके में चर्चा का विषय बनी हुई है।
