कानपुर। हर साल मई माह में भारत में राष्ट्रीय आतंकवाद विरोधी दिवस मनाया जाता है आतंकवाद सिर्फ बम बारूद नहीं बल्कि देश की एकता,शांति और विकास पर हमला है, इसका मकसद आम लोगों में डर फैलाकर समाज को बांटना है यह दिवस युवाओं को संदेश देता है कि हिंसा का रास्ता कभी समाधान नहीं होता।
ग्लोबल टेररिज्म इंडेक्स के अनुसार 2023 में आतंकवाद से 8352 मौतें हुई इससे सबसे ज्यादा प्रभावित देश बुर्किना फासो,इसराइल और माली रहे। उपरोक्त बात सोसाइटी योग ज्योति इंडिया, हिंदू जागरण मंच, राष्ट्रीय अटल आरोग्य संघ व सूर्योदय फाउंडेशन प्रयागराज के तत्वाधान में राष्ट्रीय आतंकवाद विरोधी दिवस के अवसर पर नशा मुक्ति युवा भारत थीम पर आयोजित इस संगोष्ठी शीर्षक आतंकवाद मुक्त भारत के लिए ड्रग्स एवं समाज विरोधियों पर प्रहार पर अंतर्राष्ट्रीय नशा मुक्ति अभियान के प्रमुख,एशिया बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्डधारी योग गुरू ज्योति बाबा ने कहीं,ज्योति बाबा ने आगे कहा कि भारत सरकार कि आतंकवाद पर जीरो टॉलरेंस नीत के तहत सभी एजेंसियां मिलकर काम कर रही हैं नारको टेररिज्म के कारण बहुत बड़ी आर्थिक मदद के चलते आतंकवाद खूब फल फूल रहा है। भारत की असली ताकत अहिंसा और सहिष्णुता ही है।
सूर्योदय फाउंडेशन प्रयागराज के फाउंडर धीरेंद्र राय ने कहा कि ड्रग्स की तस्करी से होने वाला मुनाफा तेजी से आतंकवाद और हथियार बंद समूहों को फंड करने मे जा रहा है अभी हाल ही में ऑपरेशन रेडपिल में 227.7 किलो कैप्टागन जिसे जिहादी ड्रग कहा जाता है को पकड़ा गया है जो सीधे आई एस आई एस के लड़ाके इस्तेमाल करते हैं। पीयूष रंजन सनातनी ने कहा कि नार्को टेरर नेटवर्क अफगानिस्तान,पाकिस्तान से हीरोइन व म्यांमार से सिंथेटिक ड्रग्स भारत लाकर बेचते हैं और उसकी कमाई से आतंकवादियों को हथियार मुहैया कराए जाते हैं।
घनश्याम द्विवेदी ने कहा कि भारत में हर साल पकड़ी जा रही हजारों किलो ड्रग्स और एन आई ए के खुलासे साबित करते हैं कि ड्रग्स का पैसा सीधे बम बारूद खरीदने में लगता है। डॉ अतुल कुमार मिश्रा ने कहा कि कैप्टागन ड्रग्स को जिहादी ड्रग कहते हैं क्योंकि आईएसआईएस लड़ाके इसे लड़ने के लिए इस्तेमाल करते हैं। संगोष्ठी का संचालन आकाश नारायण गुप्ता संयोजन विजय मल्होत्रा व धन्यवाद डॉक्टर सुलोचना दीक्षित ने दिया। अंत में योग गुरू ज्योति बाबा ने आतंकवाद मुक्त भारत बनाने के लिए ड्रग्स से दूरी बनाने की शपथ दिलाई।
