कानपुर जिलाधिकारी ने दिव्यांग बच्चों संग मनाई होली

  • दिव्यांग बच्चों ने अपनी प्रतिभा किया अनोखा प्रदर्शन, लोग हुए मंत्रमुग्ध 
  • डीएम की पत्नी रश्मि सिंह ने भी की शिरकत,  बढ़ाया हौसला 
कानपुर। ब्रज की होली की तर्ज पर आज स्पास्टिक केंद्र, कानपुर के दिव्यांग बच्चों ने होली के अवसर पर रंगारंग कार्यक्रम की प्रस्तुति की। जूनियर कक्षा के छात्र पार्थ श्रीवास्तव ने वाद्य यंत्र बजाकर मन मोह लिया जिसने ‘बलम पिचकारी जो तूने मुझे मारी’ की धुन बजाकर समा बांध दी। पार्थ अच्छा तबला वादक भी है, जो दिव्यांग होते हुए भी उसकी विलक्षण प्रतिभा को दिखाता है। वहीं, संस्था के सीनियर दिव्यांग छात्रों द्वारा एक जीवंत नृत्य ‘बृज की होली’ की प्रस्तुति की गई। 
           
प्री स्कूल के बच्चों ने अपनी नृत्य कला का बेहतरीन प्रदर्शन किया बच्चों ने भगवान कृष्ण, राधा और उनके भक्तों के बीच के प्रेम को अपने नृत्य में दिखाने का अद्भुत प्रयास किया। बच्चों ने एक जीवंत और रंगीन होली गीत ‘होरी खेले रघुवीरा अवध में- होरी खेले रघुवीरा’ के गीत पर जमकर थिरके। दिव्यांग तरुण में होली के गीत ‘होली आई रे रंग बिरंगी होली आई रे’ जिसका दर्शकों ने जमकर आनन्द लिया। कार्यक्रम के अंत में बच्चों द्वारा गाये गये गीत ‘ मन में है विश्वास, पूरा है विश्वास, होगी शांति चारों ओर’, से इन अनोखी प्रस्तुतियों का समापन हुआ। 
                 
वहीं,जिलाधिकारी ने अपनी पत्नी रश्मि सिंह के साथ बच्चों को होली के कपड़े, रंग व पिचकारी भेंट किया। साथ ही, बच्चों से बात कर उन्हें मार्गदर्शन देते हुए उन्हें उनके उज्जवल भविष्य की शुभकामनाएं भी दीं।
इस अवसर पर जिलाधिकारी जितेंद्र प्रताप सिंह ने कहा कि यह दिव्यांग बच्चे, जिन्हें हम ‘स्पेशल चिल्ड्रन’ भी कहते हैं, इन सभी बच्चों में अलग-अलग स्पेशल प्रतिभाएं भी छिपी हुई है, जिसे आज हम सब ने मिलकर देखा। ये बच्चे सामान्य बच्चों से अधिक प्रतिभावान है, जिन्होंने अपनी प्रतिभा से होली कार्यक्रम को बहुत ही रोमांचकारी वह अद्भुत बना दियाl उन्होंने कहा कि इन बच्चों की आंखों में आशाएं, चैलेंज और  अवसर के साथ-साथ जश्न भी है। इन बच्चों के अभिभावक भी बधाई के पात्र हैं, जिन्होंने जिम्मेदारी के साथ इन बच्चों की परवरिश की और इन्हें समाज की मुख्य धारा में लाने का प्रयास किया। इन बच्चों ने कानपुर की संस्कृति, जीवंतता और समानता को अपनी कला कौशल से बखूबी उकेरा। उन्होंने संस्था की निदेशक मीरा नोरोन्हा की सराहना करते हुए उनकी समस्त टीम को इस बेहतर कार्यक्रम के लिए बधाई दी। कार्यक्रम को एक नया मोड़ देते हुए दिव्यांग बच्चों के माता-पिता ने भी बच्चों का उत्साह बढाया। उन्होंने अंत्याक्षरी कार्यक्रम में भी बढ़- चढ़कर हिस्सा लिया।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Breaking News
आयुष्मान योजना में कोताही बरतने वाले अस्पतालों पर योगी सरकार का सख्त एक्शन, 61 सस्पेंड और 140 हॉस्पिटलों पर ₹8.53 करोड़ की पेनाल्टी | नेपाली नागरिक से शादी, मथुरा में मकान और फर्जी आधार-पैन कार्ड...भारत-नेपाल बॉर्डर पर घुसपैठ करते पकड़ी गई थाईलैंड की महिला, जांच में जुटी पुलिस | ऋषभ पंत ने टेस्ट में रचा इतिहास, सचिन-धोनी-विराट को पीछे छोड़ किया ये कारनामा, बने पहले भारतीय बल्लेबाज.... बिहार में बड़ा IPS फेरबदल: Siwan AK-47 विवाद पर SP हटाए गए, Bhojpur SP भी नपे | Maulana Razvi की मुसलमानों से अपील: PM Modi, CM Yogi को बुरा-भला न कहें, BJP को हराना हमारा काम नहीं.... महाराष्ट्र में Freedom of Religion Act लागू, अब जबरन Conversion पर होगी 7 साल की जेल
Advertisement ×